View cart “Why & how NETWORK MARKETING” has been added to your cart.
-3%
Previous product
Back to products
Prachin BHarat ke Arthik Vikas Me Shudron Ki Bhumika
₹270.00 Original price was: ₹270.00.₹260.00Current price is: ₹260.00.
Next product
WINGS OF REFLECTION
₹230.00 Original price was: ₹230.00.₹220.00Current price is: ₹220.00.
CONE BEAM COMPUTED TOMOGRAPHY IN ORTHODONTICS
₹299.00 Original price was: ₹299.00.₹289.00Current price is: ₹289.00.
- Author: : Dr. SHREYA SHARMA ,Dr. RAJALAXMI SAHU ,Dr. SUSMITA KUMARI PANDIT ,Dr. BHUPENDER SINGH
- Language : English
- Paperback : 214 pages
- ISBN-13 : 978-93-5515-147-6
- Country of Origin : India
- Generic Name : Thesis, Dentist
- Publisher : Book Rivers(22 February 2022
Category: Books
Related products
CORPORATE SOCIAL RESPONSIBILITY IN INDIAN BANKING INDUSTRY
₹300.00
Initially Indian commercial banks were classified into four core groups viz. State Bank Group (SBG), Nationalized Banks (NBs), Old Private Sector Banks (OPSBs) and New Private Sector Banks (NPSBs). Then one commercial bank was selected from each of the four core groups. The selection of banks from each group was based on a study conducted by IIM-Udaipur along with Economic Times and an independent organization named Futurescape2. Their study identified India‟s top 100 companies for sustainability and CSR.
ADVANCE DIAGNOSTIC AIDS IN SCREENING OF ORAL CANCER
₹299.00
Oral cancer is the sixth most common malignancy with almost 500000 new cases reported worldwide annually. The diagnosis of oral cancer at an early stage has a good prognosis as the survival rate is high (around 80%). However, the majority of oral cancer cases are diagnosed at a later stage with a considerably poor 5-year survival rate of 50% according to World Health Organization statistics. Thus, an effective management strategy for oral cancer will depend on its early identification and intervention which would pave the way for superior prognosi
Apbhransh Sahitya : Ek Anusheelan
₹290.00
PRODUCT DETAILS
- ISBN : 978-93-90548-29-3
- Publisher : Book River (10 March 2021)
- Language : Hindi
- Dimensions : 12 x 2 x 21 cm
- Country of Origin : India
- Pages : 245
कामकाजी माताएँ एवं किशोर
₹249.00
कुछ शोध परिणामों से यह ज्ञात हुआ है कि व्यवसाय का प्रकार, व्यवसाय की स्थिति/पद तथा माता का व्यवसाय से समझौते का स्तर, माता की क्रियाओं की गुणवत्ता तथा बालकों की देख-रेख के स्तर में महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वाह करता है। इस सम्बन्ध में हाॅफमैन (1989) बताते हैं कि व्यवसायरत् माताओं की कि‛ाोर बालिकायें सामाजिक रूप से अपने आपको अधिक समर्थ पाती हैं। उनके आत्मवि‛वास, आत्म उपयुक्ततता एवं स्वतंत्रता की भावना में बढ़ोत्तरी होती है। यही तथ्य बालकों के लिए अलग होता है क्योंकि माताओं का व्यवसायरत् होना कि‛ाोर बालकों पर अलग प्रकार का प्रभाव डालता है। इसके विपरीत बहुत ही सफलतम परिवारों में व्यवसायरत् माताओं के कि‛ाोरों की बुद्धिलब्धि तथा पहचान अधिक उच्च कोटि की होती है। यह विपरीत प्रभाव कई कारणों से प्रभावित होता है।
Sabjiyo ki Adhunik kheti (Hindi)
₹300.00
भारत एक कृषि प्रधान देश है जहाँ की लगभग 70 प्रतिषत जनता कृषि कार्य करती है। बढ़ती हुई जनसंख्या तथा भूमि की उत्पादन दर कम होने के कारण कभी-कभी भोजन की पूर्ति की समस्या गंभीर रूप धारण कर लेती है। भारत में खाद्य पदार्थों का कम उत्पादन होने का दूसरा कारण यह भी है कि यहाँ अधिकतर लोगों की काम करने की क्षमता कम है क्योंकि वे असंतुलित एवं कम पोषण आहार के ऊपर निर्भर रहते हैं अतः स्वास्थय ठीक न रहने से उनकी कार्य करने की क्षमता भी कम होती है। इस प्रकार स्वस्थ्य जीवन के लिए सन्तुलित एवं पोषक आहार जरूरी है।
PHARMACOTHERAPEUTICS OF STEROIDS IN DENTISTRY
₹299.00
Corticosteroids are medicines that are similar to the natural hormone cortisone and belong to the family of drugs called steroids.
DENTAL IMPLANT IMAGING
Computed tomography (CT) has been the gold
standard for many years as the information provided is
three-dimensional and generally very accurate. However,
CT examinations are expensive and deliver a relatively
high radiation dose to the patient. The latest imaging
modality introduced is cone beam volumetric tomography
(CBVT) and this technology is very promising with regard
to pre-implant imaging.
Vikas Ka Aadhar Manvadhikar
₹215.00
मानवाधिकार का आधार मानव के सर्वांगीण विकास के लिए साधन
उपलब्ध कराना है। वस्तुतः मानवाधिकार की नींव ऐसे विचारों से
निर्मित है, जिनके अनुसार सभी व्यक्तियों को प्रकृति ने समान रूप से
समान अधिकार प्रदान किए हैं। मानवाधिकार प्रत्येक व्यक्ति को जन्म
के साथ ही प्राप्त हो जाते हंै, और मृत्युपर्यन्त तक संरक्षित रहते हैं।
मानवाधिकारो ं की प्राप्ति की एकमात्र अर्हता व्यक्ति का मानव होना है
अर्थात् सम्पूर्ण मानवों को यह अधिकार स्वतः ही प्राप्त हो जाते है।
मानवाधिकार गुण-धर्म, प्रतिभा, बुद्धि आदि ऐसे तत्व हैं, जिनसे वंचित
मानव की तुलना पशु से ही की जा सकती है।
Reviews
There are no reviews yet.